शिक्षकों की रचनात्मकता का हुआ प्रदर्शन, ‘गुड हैबिट्स’ टीएलएम को मिला प्रथम पुरस्कार
भागलपुर। सुखराजराय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नाथनगर, भागलपुर के स्कूल परिसर में निपुण टीएलएम मेला 3.0 का सफल आयोजन किया गया। इस शैक्षणिक मेले में नाथनगर क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों से आए शिक्षकों ने भाग लिया और अपने-अपने विषयों से संबंधित शिक्षण-अधिगम सामग्री (टीएलएम) का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। मेले का मुख्य उद्देश्य निपुण भारत मिशन के तहत बच्चों को रोचक, सरल और प्रभावी तरीके से शिक्षण सामग्री के माध्यम से सीखने के लिए प्रेरित करना था।
मेले में गणित, हिंदी, पर्यावरण अध्ययन एवं अंग्रेजी जैसे विषयों से जुड़े विविध टीएलएम प्रदर्शित किए गए। गणित विषय में शिक्षकों ने विभिन्न आकृतियों और ज्यामितीय अवधारणाओं पर आधारित आकर्षक मॉडल प्रस्तुत किए, जिससे बच्चों के लिए जटिल अवधारणाओं को समझना सरल हो सके। हिंदी विषय में विलोम शब्दों पर आधारित टीएलएम ने विद्यार्थियों को भाषा की गहराई से समझ विकसित करने में सहायक सामग्री प्रदान की। वहीं पर्यावरण अध्ययन में जल के स्रोतों पर आधारित मॉडल और चार्ट के माध्यम से विद्यार्थियों को प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का संदेश दिया गया।
अंग्रेजी विषय में ‘गुड हैबिट्स’ (अच्छी आदतों) और भावभंगिमा से संबंधित टीएलएम विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। बच्चों में नैतिक मूल्यों, अनुशासन और सकारात्मक व्यवहार का विकास कैसे किया जाए, इस विषय पर तैयार की गई सामग्री ने निर्णायकों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया। शिक्षकों ने सरल भाषा, चित्रों और गतिविधियों के माध्यम से यह बताया कि अच्छी आदतें बच्चों के संपूर्ण व्यक्तित्व निर्माण में किस तरह महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
मेले का मूल्यांकन सीआरसी समन्वयक अंजू कुमारी एवं सुखराज उच्च विद्यालय के प्रधानाध्यापक द्वारा जज की भूमिका में किया गया। उन्होंने सभी शिक्षकों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के टीएलएम मेलों से शिक्षकों को नवाचार की प्रेरणा मिलती है और बच्चों तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने में मदद मिलती है। उन्होंने यह भी कहा कि टीएलएम का प्रयोग यदि नियमित रूप से कक्षा में किया जाए, तो बच्चों की सीखने की रुचि और समझ दोनों में उल्लेखनीय बढ़ोतरी होती है।
निर्णायकों द्वारा किए गए मूल्यांकन के उपरांत अंग्रेजी विषय के ‘गुड हैबिट्स’ टॉपिक पर आधारित टीएलएम को प्रथम स्थान प्रदान किया गया। यह प्रथम पुरस्कार राजकीय मध्य विद्यालय नाथनगर-01, नगर निगम भागलपुर की शिक्षिका अमृता कुमारी को मिला। उनकी रचनात्मक प्रस्तुति, विषय की स्पष्टता और बच्चों को व्यवहारिक रूप से जोड़ने की क्षमता को विशेष रूप से सराहा गया।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार द्वारा सभी प्रतिभागी शिक्षकों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। साथ ही यह संकल्प लिया गया कि भविष्य में भी ऐसे शैक्षणिक आयोजनों के माध्यम से शिक्षकों और विद्यार्थियों दोनों को नवाचार से जोड़ने का निरंतर कदम साबित हुआ।



