सही पोषण, सही विकास — स्वस्थ बच्चा, उज्ज्वल भविष्य
पूर्णिया। प्राथमिक विद्यालय राधानगर कस्बा में (NHE) कार्यक्रम के अंतर्गत “पोषण एवं एनीमिया जागरूकता” विषय पर एक विशेष शैक्षणिक गतिविधि का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को संतुलित आहार के महत्व, आवश्यक पोषक तत्वों तथा एनीमिया से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक करना था। गतिविधि में विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
ड्राइंग के माध्यम से दिया गया पोषण का संदेश
कार्यक्रम के दौरान बच्चों से विभिन्न फल एवं सब्जियों की सुंदर ड्राइंग बनवाई गई। चित्रकला के माध्यम से बच्चों को संतुलित आहार का महत्व समझाया गया। बच्चों ने सेब, केला, आम, गाजर, पालक, टमाटर आदि का चित्र बनाकर यह दर्शाया कि हरी सब्जियां और फल हमारे शरीर के लिए कितने आवश्यक हैं।
शिक्षकों ने बच्चों को बताया कि यदि हम अपने भोजन में सभी प्रकार के पोषक तत्व शामिल करें, तो हम स्वस्थ और मजबूत रह सकते हैं।
पोषक तत्वों की दी गई विस्तृत जानकारी
सत्र के दौरान बच्चों को सरल और रोचक ढंग से विभिन्न पोषक तत्वों की जानकारी दी गई—
✔️ प्रोटीन – दाल, चना, दूध आदि में पाया जाता है, जो शरीर की वृद्धि और मांसपेशियों के विकास में सहायक होता है।
✔️ कार्बोहाइड्रेट – चावल, रोटी, आलू आदि में पाया जाता है, जो शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है।
✔️ वसा – घी, तेल, मेवा आदि में पाया जाता है, जो शरीर को शक्ति देता है।
✔️ खनिज एवं विटामिन – हरी पत्तेदार सब्जियों और फलों में पाए जाते हैं, जो रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाते हैं। बच्चों ने शिक्षकों से प्रश्न भी पूछे और उत्साहपूर्वक उत्तर दिए।
एनीमिया के प्रति जागरूकता और IFA वितरण
कार्यक्रम में बच्चों को एनीमिया (खून की कमी) के कारण, लक्षण और बचाव के उपायों की जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि आयरन युक्त भोजन जैसे हरी सब्जियां, चुकंदर, गुड़ और दाल का नियमित सेवन करना चाहिए। मध्यान्ह भोजन (MDM) के आधे घंटे बाद बच्चों को IFA (आयरन फोलिक एसिड) की गोली भी खिलाई गई, ताकि उनके स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाया जा सके।
शिक्षकों की सक्रिय भूमिका
इस जागरूकता कार्यक्रम का सफल संचालन प्रधानाध्यापक शाजिया परवीन के नेतृत्व में किया गया। कार्यक्रम में शिक्षिका नेहा भारती, खुशबू कुमारी, सत्यभामा कुमारी एवं नीतू कुमारी की सक्रिय भागीदारी रही। सभी शिक्षिकाओं ने मिलकर बच्चों को पोषण और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने का सराहनीय प्रयास किया।
विद्यालय परिवार ने इस अवसर पर संदेश दिया—
“सही पोषण, सही विकास — स्वस्थ बच्चा, उज्ज्वल भविष्य।”
