समर्पित शिक्षण एवं रचनात्मक गतिविधियों से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में निभा रहीं महत्वपूर्ण भूमिका
मुजफ्फरपुर/गया जी। विद्यालयी शिक्षा को अधिक प्रभावशाली, रोचक एवं परिणामोन्मुख बनाने की दिशा में समर्पित प्रयास करने वाली गया जिले की शिक्षिका हीरामनी को गुरु गौरव सम्मान–2026 से सम्मानित किया गया। यह सम्मान समारोह बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर के सीनेट हॉल में संस्था के स्थापना सह संकल्प दिवस के अवसर पर आयोजित किया गया।
यह सम्मान राज्य के उन शिक्षकों को प्रदान किया गया, जो शिक्षण की पारंपरिक पद्धतियों के साथ आधुनिक प्रयोगों एवं रचनात्मक गतिविधियों को अपनाकर विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता, शैक्षणिक उपलब्धियों और सर्वांगीण विकास को नई दिशा दे रहे हैं। हीरामनी प्राथमिक विद्यालय बोलीपर, शेरघाटी, गया जी में शिक्षिका के रूप में कार्यरत हैं।
समारोह में बिहार विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) दिनेश चंद्र राय, प्रख्यात गणितज्ञ एवं पटना विश्वविद्यालय तथा नालंदा खुला विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. (डॉ.) के.सी. सिन्हा, शिक्षाविद् गुरु रहमान, CID बिहार के निदेशक श्री बी.के. चौधरी तथा पटना विधि महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य प्रो. (डॉ.) वाणी भूषण ने संयुक्त रूप से हीरामनी को सम्मानित किया।
इस अवसर पर सारण के विधान पार्षद श्री सच्चिदानंद राय विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी की भी गरिमामयी उपस्थिति रही।
सम्मान प्राप्त करने के बाद हीरामनी ने आयोजकों एवं संस्था की पूरी टीम के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उनके लिए नई ऊर्जा और प्रेरणा का स्रोत है। इससे शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर कार्य करने तथा विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए निरंतर प्रयासरत रहने का संकल्प और मजबूत हुआ है।
हीरामनी की इस उपलब्धि से शिक्षक समुदाय में हर्ष का माहौल है।