BREAKING NEWS
डीएम ने जिलेवासियों को दिया मकर संक्रांति की बधाई, पतंग महोत्सव का आयोजनसड़क सुरक्षा माह अंतर्गत डीएम ने प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर किया रवानामकर संक्रांति व मौनी अमावस्या को लेकर डीएम ने किया घाटों का निरीक्षणडुमरांव में जन्म–मृत्यु रजिस्ट्रीकरण को लेकर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजितप्लस टू महारानी उषारानी बालिका उच्च विद्यालय में संकुल स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण संपन्नशिक्षा और लेखन में उत्कृष्ट योगदान के लिए शिक्षिका नीलम कुमारी को मानद डॉक्टरेट की उपाधिडी.के. कॉलेज में लोकतंत्र, समाज और मीडिया की नैतिकता पर एकदिवसीय परिचर्चाछुट्टियों में भी जारी रही ऑनलाइन पढ़ाई : प्रधानाध्यापिका ज्योति कुमारी की पहल से बच्चों की सीख नहीं हुई बाधितजिला पदाधिकारी ने शिक्षा विभाग की मासिक ई-पत्रिका ‘बोधिका’ के प्रवेशांक का किया विमोचनविधान परिषद सभागार में धूमधाम से मनाई गई लुईस ब्रेल की 217वीं जयंतीठंड में नन्हें बच्चों को मिली राहत, विद्यालय परिवार ने बांटी ऊनी टोपी और मोजेसंस्कार, संस्कृति व भावनाओं पर केंद्रित एक दिवसीय सेमिनार सह शाहाबाद शिक्षक सम्मान समारोह का भव्य आयोजनराज्य स्तरीय युवा महोत्सव 2025 में रोहतास का परचम, वक्तृता में प्रथम स्थानगहमर में जुटे देशभर के साहित्यकार व कला प्रेमी, 11वें गोपालराम गहमरी साहित्य व कला महोत्सव का भव्य शुभारंभएनसीईआरटी के विशेष प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम में सीतामढ़ी जिले की तीन शिक्षिकाओं का चयन, 21 दिनों तक चलेगा प्रशिक्षण
No menu items available
BREAKING
डीएम ने जिलेवासियों को दिया मकर संक्रांति की बधाई, पतंग महोत्सव का आयोजनसड़क सुरक्षा माह अंतर्गत डीएम ने प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर किया रवानामकर संक्रांति व मौनी अमावस्या को लेकर डीएम ने किया घाटों का निरीक्षणडुमरांव में जन्म–मृत्यु रजिस्ट्रीकरण को लेकर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजितप्लस टू महारानी उषारानी बालिका उच्च विद्यालय में संकुल स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण संपन्नशिक्षा और लेखन में उत्कृष्ट योगदान के लिए शिक्षिका नीलम कुमारी को मानद डॉक्टरेट की उपाधिडी.के. कॉलेज में लोकतंत्र, समाज और मीडिया की नैतिकता पर एकदिवसीय परिचर्चाछुट्टियों में भी जारी रही ऑनलाइन पढ़ाई : प्रधानाध्यापिका ज्योति कुमारी की पहल से बच्चों की सीख नहीं हुई बाधितजिला पदाधिकारी ने शिक्षा विभाग की मासिक ई-पत्रिका ‘बोधिका’ के प्रवेशांक का किया विमोचनविधान परिषद सभागार में धूमधाम से मनाई गई लुईस ब्रेल की 217वीं जयंतीठंड में नन्हें बच्चों को मिली राहत, विद्यालय परिवार ने बांटी ऊनी टोपी और मोजेसंस्कार, संस्कृति व भावनाओं पर केंद्रित एक दिवसीय सेमिनार सह शाहाबाद शिक्षक सम्मान समारोह का भव्य आयोजन

सभी मेन्यू देखें

Select City

लेटेस्ट अपडेट्स

डीएम ने जिलेवासियों को दिया मकर संक्रांति की बधाई, पतंग महोत्सव का आयोजन
13 hours ago
सड़क सुरक्षा माह अंतर्गत डीएम ने प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना
13 hours ago
मकर संक्रांति व मौनी अमावस्या को लेकर डीएम ने किया घाटों का निरीक्षण
2 days ago
डुमरांव में जन्म–मृत्यु रजिस्ट्रीकरण को लेकर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित
2 days ago
प्लस टू महारानी उषारानी बालिका उच्च विद्यालय में संकुल स्तरीय एक दिवसीय प्रशिक्षण संपन्न
4 days ago
Advertisement

धूूमधाम से मना डुमरांव बांके बिहारी मंदिर में कृष्ण जन्माष्टमी, भगवान के जन्म के साथ जयघोष से गुंज उठा परिसर

प्राचीन मंदिरों में एक है यह मंदिर, राज परिवार ने झांकियों की डाली परंपरा डुमरांव. राजगढ़ स्थित बांके बिहारी मंदिर...

प्राचीन मंदिरों में एक है यह मंदिर, राज परिवार ने झांकियों की डाली परंपरा

डुमरांव. राजगढ़ स्थित बांके बिहारी मंदिर में सोमवार को कृष्ण जन्माष्टमी बड़े ही धूमधाम से मनाया गया. भगवान श्री कृष्ण की निकली झांकी आकर्षण का केंद्र रहा. शाम के समय मंदिर परिसर में हरिकिर्तन शुरू, जो जन्म के साथ सम्पन्न हुआ. भगवान के जन्मोत्सव पर मंदिर को बेहतर और आकर्षण ढ़ग से सजाया गया था.

देर रात भगवान के जन्म होते मंदिर व आस-पास के क्षेत्र जयघोष से गुंज उठा. बता दें कि सावन माह में 15 पंद्रह दिनों तक कृष्ण के अलग-अलग लीलाओं को प्रस्तुत किया जाता है, और रक्षाबंधन पूर्णिमा के दिन समापन होता है. लेकिन इस यह कार्यक्रम नहीं हुआ. लेकिन कृष्ण जन्माष्टमी बड़े ही धूमधाम से मनाया गया.

इस ऐतिहासिक राजगढ़ स्थित बांके बिहारी मंदिर में स्थित भगवान कृष्ण की कई रूपों में सजी झांकियों को देख लोग झूम उठते है. राजघराने द्वारा स्थापित इस मंदिर में झांकी की परंपरा सैकड़ों वर्ष पहले शुरू किया गया था. कृष्ण जन्माष्टमी के दिन निकलने वाली झांकी को देखने के लिए दूर-दराज रिश्तेदार सहित आस-पास के गांव के लोग मंदिर में पहुंचते है.

राज परिवार के इस अनोखी परपंरा के निर्वाहन को लेकर राजपुरोहित भी सजग रहते है. झांकी की तैयारी एक माह पहले शुरू हो जाती है. मंदिर की अनोखी छटा बांके बिहारी मंदिर की नींव सौ वर्ष पूर्व में महाराजा केशव प्रसाद सिंह ने डाली थी. मंदिर परिसर के चारों ओर रंग-बिरंगे फूलों से सजी क्यारियां खुशबु बिखेरती है.

चारों बगल पेड़ पौधों के बीच अन्य मंदिर की स्थापना से यह मंदिर परिसर भक्तिमय से भरा रहता है. जन्माष्टमी पर भगवान के जन्म समय राज परिवार शामिल होता है. जैसे ही जन्म हुआ, महाआरती में मौजूद लोग श्रद्धामन से शामिल होकर प्रसाद ग्रहण किया.

इसके अलावे जन्माष्टमी को लेकर फुलचंद कानू पथ जवाहिर मंदिर, गोला रोड राम जानकी मंदिर, छठिया पोखरा राजेश्वर मंदिर और काकी जी मंदिर, ठठेरी बाजार राज जानकारी मंदिर को स्थानीय लोगों ने अपने-अपने तरीके से आकर्षण ढ़ग से सजाया था. बांके बिहारी मंदिर में भगवान के जन्म होने तक महिलाओं के मंगल गीत चलता रहा.

वहीं सोशल मिडिया पर जन्माष्टमी को लेकर बच्चों को बाल कृष्ण बनाकर फोटो शेयर कर एक-दूसरे को बधाई दी. मंदिर परिसर में सुरक्षा को लेकर स्थानीय पुलिस तैनात रहा. वहीं एसडीएम राकेश कुमार व एसडीपीओ अफाक अख्तर अंसारी, थानाध्यक्ष शंभू कुमार भगत सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी मेला के दौरान भ्रमण करते दिखें.

जंगली नाथ शिव मंदिर के वार्षिकोत्सव पूजन सह मेला के आयोजन से राजगढ़ चौक से जंगली नाथ शिव मंदिर पथ गुलजार रहा. राजगढ़ चौक स्थित काली मंदिर पर भगवान के जन्म बाद प्रसाद का वितरण हुआ. राजगढ़ चौक पर देर रात मेलामय नजारा देखने को मिला.

न्यूज़ डेस्क

Author at DUMRAON NEWS EXPRESS

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top