BREAKING NEWS
डुमरांव की बेटी तनिषा ने बढ़ाया जिले का मान, पंजाब सेंट्रल यूनिवर्सिटी भटींडा चंडीगढ़ में गोल्ड मेडल से हुई सम्मानितरामरेखा घाट पर प्रभु श्रीराम की भव्य मूर्ति स्थापित होगी : मुख्यमंत्रीभीषण गर्मी में जल संरक्षण का संदेश लेकर गांव-गांव पहुंच रहे ‘जल पुत्र’ अजय रायVoice & Vision Academy Opens Admissions for NIOS Grade X & XIIगुरुदेव श्री श्री रविशंकर के 70वें जन्मोत्सव पर डॉ. संजीव कुमार को मिला “अनसंग हीरोज अवार्ड 2026”सीबीएसई 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 में कैम्ब्रिज स्कूल का शानदार प्रदर्शनकुरूद में गूंजा प्रकृति संरक्षण का स्वर, सीड बॉल निर्माण कार्यशाला में जुटे प्रकृति शिक्षण और विज्ञान यात्रा के संचारकघर-घर पहुंच रही शिक्षा : शिक्षिका सुषमा कुमारी का अनोखा प्रयासप्राथमिक विद्यालय पार्षद टोला मजगामा के पोषक क्षेत्र भ्रमण में बच्चों को दी गई आपदा प्रबंधन की जानकारीडुमरांव में बसंत न्यूरोकेयर क्लिनिक का शुभारंभ, अब मिलेगी आधुनिक न्यूरोलॉजी सेवाएंNMMSS में सफल विद्यार्थियों को भावभीनी विदाई, शिक्षकों को भी मिला सम्माननाथनगर विद्यालय में बाल संसद का गठन, विद्यार्थियों को दिलाई गई शपथफाउंडेशन स्कूल, डुमरांव का शानदार प्रदर्शन, 10वीं में शत-प्रतिशत परिणामकैम्ब्रिज स्कूल के विद्यार्थियों ने लहराया सफलता का परचम, दीप्ति चौहान बनीं टॉपरसीतामढ़ी जिले में मां जानकी स्वास्थ्य सेवा यात्रा अंतर्गत निःशुल्क चिकित्सा शिविर
No menu items available
BREAKING
डुमरांव की बेटी तनिषा ने बढ़ाया जिले का मान, पंजाब सेंट्रल यूनिवर्सिटी भटींडा चंडीगढ़ में गोल्ड मेडल से हुई सम्मानितरामरेखा घाट पर प्रभु श्रीराम की भव्य मूर्ति स्थापित होगी : मुख्यमंत्रीभीषण गर्मी में जल संरक्षण का संदेश लेकर गांव-गांव पहुंच रहे ‘जल पुत्र’ अजय रायVoice & Vision Academy Opens Admissions for NIOS Grade X & XIIगुरुदेव श्री श्री रविशंकर के 70वें जन्मोत्सव पर डॉ. संजीव कुमार को मिला “अनसंग हीरोज अवार्ड 2026”सीबीएसई 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 में कैम्ब्रिज स्कूल का शानदार प्रदर्शनकुरूद में गूंजा प्रकृति संरक्षण का स्वर, सीड बॉल निर्माण कार्यशाला में जुटे प्रकृति शिक्षण और विज्ञान यात्रा के संचारकघर-घर पहुंच रही शिक्षा : शिक्षिका सुषमा कुमारी का अनोखा प्रयासप्राथमिक विद्यालय पार्षद टोला मजगामा के पोषक क्षेत्र भ्रमण में बच्चों को दी गई आपदा प्रबंधन की जानकारीडुमरांव में बसंत न्यूरोकेयर क्लिनिक का शुभारंभ, अब मिलेगी आधुनिक न्यूरोलॉजी सेवाएंNMMSS में सफल विद्यार्थियों को भावभीनी विदाई, शिक्षकों को भी मिला सम्माननाथनगर विद्यालय में बाल संसद का गठन, विद्यार्थियों को दिलाई गई शपथ

सभी मेन्यू देखें

Select City

लेटेस्ट अपडेट्स

डुमरांव की बेटी तनिषा ने बढ़ाया जिले का मान, पंजाब सेंट्रल यूनिवर्सिटी भटींडा चंडीगढ़ में गोल्ड मेडल से हुई सम्मानित
3 days ago
रामरेखा घाट पर प्रभु श्रीराम की भव्य मूर्ति स्थापित होगी : मुख्यमंत्री
4 days ago
भीषण गर्मी में जल संरक्षण का संदेश लेकर गांव-गांव पहुंच रहे ‘जल पुत्र’ अजय राय
4 days ago
Voice & Vision Academy Opens Admissions for NIOS Grade X & XII
2 weeks ago
गुरुदेव श्री श्री रविशंकर के 70वें जन्मोत्सव पर डॉ. संजीव कुमार को मिला “अनसंग हीरोज अवार्ड 2026”
2 weeks ago
Advertisement

दीपावली पर मिट्टी के दीप को जलाए, लोगों को किया जागरूक

डुमरांव : दीपावली उत्तरी गोलार्ध की शरद ऋतु में प्रतिवर्ष मनाया जाने वाला एक पौराणिक उत्सव है। यह कार्तिक मास...

डुमरांव : दीपावली उत्तरी गोलार्ध की शरद ऋतु में प्रतिवर्ष मनाया जाने वाला एक पौराणिक उत्सव है। यह कार्तिक मास की अमावस्या को मनाया जाता है और भारत के सबसे बड़े और सर्वाधिक महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक है। आध्यात्मिक रूप से यह ‘अन्धकार पर प्रकाश की विजय’ को दर्शाता है।

दीपावाली से पूर्व योग प्रशिक्षण डॉ संजय कुमार सिंह ने लोगो को दीप के ओर मोमबत्ती का ही अधिक से अधिक प्रयोग करे,ताकि हमारा पर्यावरण शुद्ध अनुकूल रह सके। शनिवार को स्टेशन रोड,पुराना धर्मशाला, अपकारी गली सहित अन्य स्थानों पर लोगों देशी वस्तुओं का प्रयोग पर जोर दिया ताकि लोगों को अधिक से अधिक रोजगार भी मिल सके।

साथ साथ बताया कि दीपावली पर घर में दीप जलाना शुभ माना जाता है। इसके लिए मंदिर, घर के मुख्य द्वार, रसोई और तुलसी के पौधे के पास दीपक जलाएं। दीपक जलाने के लिए सरसों के तेल या घी का उपयोग करें, और इन्हें विषम संख्या में जलाएं (जैसे 5, 7, 9)। एक दीपक से दूसरा दीपक न जलाएं और दीपक को फूंक मारकर न बुझाएं।

कहाँ-कहाँ दीपक जलाएं

मंदिर : पूजा शुरू करते समय सबसे पहले मंदिर में दीपक जलाएं।
मुख्य द्वार: सकारात्मक ऊर्जा के प्रवेश के लिए घर के मुख्य द्वार पर दीपक जलाएं, ध्यान रहे कि दीपक की लौ अंदर की ओर हो।
रसोई वास्तु के अनुसार, रसोई के दक्षिण-पूर्व कोने में दीपक रखने से स्वास्थ्य और भोजन की प्रचुरता सुनिश्चित होती है।


तुलसी का पौधा : तुलसी के पास दीपक जलाने से मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और सुख-शांति बनी रहती है।


लिविंग रूम : घर के लिविंग रूम में भी दीपक जलाएं।

दीपक जलाने के नियम

दिशा दीपक को हमेशा पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके जलाना शुभ माना जाता है। वास्तु के अनुसार ईशान कोण (उत्तर-पूर्व) दीपक जलाने के लिए सबसे उत्तम है। संख्या दीपक की संख्या विषम में होनी चाहिए, जैसे 5, 7, 9, 11, 21, 51 या 108।


तेल/घी : दीपक जलाने के लिए सरसों के तेल या घी का उपयोग करना शुभ माना जाता है।


एक दीपक से दूसरा न जलाएं : एक दीपक से दूसरे दीपक को जलाने की बजाय उन्हें अलग-अलग करके जलाना चाहिए, क्योंकि यह अशुभ माना जाता है। बुझाना पूजा के दौरान दीपक को हाथ से या फूंक मारकर नहीं बुझाना चाहिए। इसे माता लक्ष्मी का अनादर माना जाता है। मौके पर नेहरू युवा विकास समिति,शांति महिला विकास समिति, विकास फैमिली क्लब सहित रघुबर सिंह, आशीष खरवार, प्रभाकर मिश्रा, लीलावती देवी, रीता देवी, सोनी सिंह, राजकुमार सिंह, प्यारे चंदन, प्रिंस ठाकुर सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

न्यूज़ डेस्क

Author at DUMRAON NEWS EXPRESS

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top