BREAKING NEWS
सीतामढ़ी जिले में मां जानकी स्वास्थ्य सेवा यात्रा अंतर्गत निःशुल्क चिकित्सा शिविरबक्सर में 8वां पोषण पखवाड़ा शुरू, पोषण रथ को जिलाधिकारी ने दिखाई गई हरी झंडीसीतामढ़ी जिले के मध्य विद्यालय कोआही रूनीसैदपुर के छात्र-छात्राओं ने NMMSS परीक्षा में लहराया परचमबेटियों ने बढ़ाया बक्सर का मान, टॉपर्स व प्रतिभाओं का हुआ सम्मानराजकीय प्राथमिक विद्यालय मुस्तफापुर, बरैयागाछी अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी में बंटे प्रगति पत्र, मेधावी छात्रों का हुआ सम्मानमुख्यमंत्री ने समृद्धि यात्रा के दौरान बक्सर जिले को दी 592 करोड रुपये की योजनाओं की सौगात, 64 विकास योजनाओं का किया उद्घाटन एवं शिलान्यासडुमरांव में गूंजा शहनाई का स्वर, भव्य आयोजन में सजी ‘उस्ताद बिस्मिल्ला खां महोत्सव’ की शामएमएस कच्ची खैरा तलवाड़ा में परिणाम घोषणा और मेगा अभिभावक-शिक्षक बैठक आयोजितकृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के युग में शिक्षा पर राष्ट्रीय सेमिनार, नवाचारी शिक्षिका प्रियंका कुमारी व शिक्षक अभिषेक वर्मा सम्मानितडायट डुमरा में “नैतिक विवेक की शक्ति के साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उपयोग” विषय पर राष्ट्रीय सेमिनार आयोजितप्राथमिक विद्यालय पार्षद टोला मजगामा कस्बा में आयोजित कार्यक्रम में छात्रों को मोमेंटो व मैडल देकर किया गया सम्मानितसमाहरणालय में जिला समन्वय समिति की बैठक, रामनवमी व महावीरी पूजा पर डीजे पूरी तरह प्रतिबंधितगार्गी नारी शक्ति सम्मेलन 2026 में प्रधान शिक्षिका कुमारी प्रीतिका होंगी सम्मानितनवोन्मेषी बच्चों ने जुगाड़ से बनाई उपयोगी सामग्री, ईको क्लब गतिविधि के तहत पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेशपीबीएल गतिविधि हेतु जिला टीम रवाना, छात्र-छात्राओं में उत्साह
No menu items available
BREAKING
सीतामढ़ी जिले में मां जानकी स्वास्थ्य सेवा यात्रा अंतर्गत निःशुल्क चिकित्सा शिविरबक्सर में 8वां पोषण पखवाड़ा शुरू, पोषण रथ को जिलाधिकारी ने दिखाई गई हरी झंडीसीतामढ़ी जिले के मध्य विद्यालय कोआही रूनीसैदपुर के छात्र-छात्राओं ने NMMSS परीक्षा में लहराया परचमबेटियों ने बढ़ाया बक्सर का मान, टॉपर्स व प्रतिभाओं का हुआ सम्मानराजकीय प्राथमिक विद्यालय मुस्तफापुर, बरैयागाछी अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी में बंटे प्रगति पत्र, मेधावी छात्रों का हुआ सम्मानमुख्यमंत्री ने समृद्धि यात्रा के दौरान बक्सर जिले को दी 592 करोड रुपये की योजनाओं की सौगात, 64 विकास योजनाओं का किया उद्घाटन एवं शिलान्यासडुमरांव में गूंजा शहनाई का स्वर, भव्य आयोजन में सजी ‘उस्ताद बिस्मिल्ला खां महोत्सव’ की शामएमएस कच्ची खैरा तलवाड़ा में परिणाम घोषणा और मेगा अभिभावक-शिक्षक बैठक आयोजितकृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के युग में शिक्षा पर राष्ट्रीय सेमिनार, नवाचारी शिक्षिका प्रियंका कुमारी व शिक्षक अभिषेक वर्मा सम्मानितडायट डुमरा में “नैतिक विवेक की शक्ति के साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उपयोग” विषय पर राष्ट्रीय सेमिनार आयोजितप्राथमिक विद्यालय पार्षद टोला मजगामा कस्बा में आयोजित कार्यक्रम में छात्रों को मोमेंटो व मैडल देकर किया गया सम्मानितसमाहरणालय में जिला समन्वय समिति की बैठक, रामनवमी व महावीरी पूजा पर डीजे पूरी तरह प्रतिबंधित

सभी मेन्यू देखें

Select City

लेटेस्ट अपडेट्स

सीतामढ़ी जिले में मां जानकी स्वास्थ्य सेवा यात्रा अंतर्गत निःशुल्क चिकित्सा शिविर
1 day ago
बक्सर में 8वां पोषण पखवाड़ा शुरू, पोषण रथ को जिलाधिकारी ने दिखाई गई हरी झंडी
5 days ago
सीतामढ़ी जिले के मध्य विद्यालय कोआही रूनीसैदपुर के छात्र-छात्राओं ने NMMSS परीक्षा में लहराया परचम
2 weeks ago
बेटियों ने बढ़ाया बक्सर का मान, टॉपर्स व प्रतिभाओं का हुआ सम्मान
2 weeks ago
राजकीय प्राथमिक विद्यालय मुस्तफापुर, बरैयागाछी अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी में बंटे प्रगति पत्र, मेधावी छात्रों का हुआ सम्मान
2 weeks ago
Advertisement

वैशाली : सुरक्षित गर्भसमापन पर आशा कर्मी हुई प्रशिक्षित

गर्भ समापन की अवधि बढ़कर हुई 20 से 24 हफ्ते  वैशाली। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, वैशाली में शनिवार को सुरक्षित गर्भ...

गर्भ समापन की अवधि बढ़कर हुई 20 से 24 हफ्ते 

वैशाली। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, वैशाली में शनिवार को सुरक्षित गर्भ समापन एवम परिवार नियोजन सेवाओं के लिया आशा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण बिहार ग्राम विकाश परिषद द्वारा समर्थित सांझा प्रयास नेटवर्क एवम औलिया अध्यात्मिक अनुसंधान केन्द्र के तत्वाधान में आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान विशेष श्रेणी के महिलाओं के गर्भ समापन की अवधि 20 से 24 सप्ताह तक बढ़ाए गए कानून के विषय में विस्तार पूर्वक जानकारी दिया गया।

प्रशिक्षण में प्रशिक्षक राम कृष्णा के द्वारा बताया गया की 1971 से पूर्व किसी भी प्रकार का गर्भ समापन अवैध माना जाता था। गर्भ समापन के लिया बड़ी कठिनाई होती थी। अनेक तरह के घरेलू उपायों से गर्भ समापन करने की प्रक्रिया के कारण महिलाओं की मृत्यु हो जाती थी। उसे रोकने के लिया भारत सरकार के द्वारा 1971 में एमटीपी एक्ट बनाया गया। इसके बाद से सुरक्षित गर्भ समापन की प्रक्रिया शुरू हुई।

कई कारणों से सरकारी अस्पतालों में सुविधा नहीं होने के कारण गर्भवती महिलाओं के मृत्यु दर में अपेक्षाकृत कमी नही हो रही थी। लेकिन जब भारत सरकार के द्वारा यह कानून बनाया गया उसके बाद कई सर्तो के साथ गर्भ समापन वैध माना गया है, परंतु लिंग जांच आधारित और असुरक्षित गर्भ समापन आज भी कानूनन अवैध हैं।

प्रशिक्षण में बताया गया की भारत सरकार के द्वारा एमटीपी एक्ट 1971 में 2021 में एक संशोधन किया गया है जिसके अनुसार अब 20 सप्ताह के बाद भी विशेष श्रेणी की गर्भवती महिलाओं का 24 सप्ताह तक गर्भ समापन किया जा सकता है। प्रशिक्षक के द्वारा बताया गया की पर्याप्त भ्रूण विकृति के मामले में, पति-पत्नी के बीच तलाक के मामले में या अन्य किसी भी गंभीर मामले में गर्भावस्था के दौरान किसी भी समय गर्भ समापन को मान्य किया गया है।

किसी भी महिला या उसके साथी के द्वारा प्रयोग किए गए गर्भ निरोधक तरीके की विफलता की स्तिथि में अविवाहित महिलाओं को भी गर्भ समापन की सुविधा दिया जा सकता है। प्रशिक्षक राम कृष्णा ने बताया की 20 सप्ताह तक एमटीपी के लिए एक आर एम पी और 20 से 24 सप्ताह के लिए दो आर एम पी की राय होनी चाहिए।

इतना ही नहीं उन्होंने कहा की किसी भी विवाहित या अविवाहित गर्भवती महिलाओं के गर्भ समापन की प्रक्रियाओं की गोपनीयता का पालन कराई से करना यह उस संबंधित सरकारी स्वास्थ्य केन्द्र की जिम्मेदारी है जहां महिला का गर्भ समापन किया जा रहा है। आज के कार्यक्रम में प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र वैशाली के प्रखंड सोशल मोबिलाइजर चितरंजन कुमार, प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक के अलावा कई स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित थे।

अभय कुमार

Author at DUMRAON NEWS EXPRESS

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top